
बाप प्रमुख श्री उमेश सिंह जी ने देश और राज्यों के सत्ता में स्थापित दलों के जनसेवकगणो से आग्रह करते हुए कहा है कि राजनीति और सत्ता को अपने और अपने परिवार के जीवन यापन का जरिया न बनाएं और अपने बाद अपने बच्चों को स्थापित करने से परहेज़ करें इससे लोकतंत्र कमजोर हो रहा है यह राजतंत्र की परम्परा है जिसे सत्ताधारी दले बखुबी निभा रही है,लोकतंत्र को मजबूत करना बहुत ही मुश्किल है क्योंकि स्थापित लोगों को सत्ता के गलियारों में पहुंचाने के लिए होमवर्क करते आ रहे सभी सरकारें वैसे मे राजवंशी परम्परा चल पड़ा और देश के राजनीति में जड जमा लिया है अशिक्षित जनता स्थापित लोगों के बच्चों को स्थापित करने के लिए होमवर्क कर रही है, उन्होंने ने आगे कहा है कि जनता के योग्य ईमानदार और कर्मठ बच्चे सदन कैसे पहुंचे उसपर होमवर्क करें, देश के प्रधान सेवक ने कहा था कि राजनीति में एक लाख नये युवाओं को लाएंगे जिसका राजनीति में कोई परिवार नहीं है पर अभी तक वे उन्हीं लोगों को आगे बढ़ा रहे हैं जिसका परिवार राजनीति के द्वारा सत्ता में स्थापित रहा है, उन्होंने बिहार में बदलाव को लेकर बिहार के विपक्षी नेताओं पर तंज कसते हुए कहा कि अभी तक उनको यह समझ नहीं आ पाया की उनकी जमीन कब का भाजपा ने हथिया लिया पिछड़े दलित और ओबिसी वाला जमीन इस लिए बोलने के पहले होमवर्क करें भाजपा अब दलितो और पिछड़ों की पार्टी बन गई है इसलिए जनता को भ्रमित करने के लिए स्वर्ण को निशाना न बनाएं आपस में सलट ले आप सभी भी दलित ओबीसी है और भाजपा के सभी महत्वपूर्ण पदों पर भी आपही के भाई बन्धु है कही भी स्वर्ण नहीं है अगर कुछ दिख भी रहा है तो वह कठपुतली है,( रमेश पासवान राष्ट्रीय प्रवक्ता)



